महासमुंद: किसान की शिकायत पर ACB ने आज महासमुंद जिले में कार्रवाई करते हुए ग्रामीण बैंक के मैनेजर और चपरासी को रंगे हाथ पकड़ लिया। सिंघोड़ा ग्रामीण बैंक का मैनेजर किसान से KCC ऋण प्रकरण खत्म हो जाने के बाद बंधक भूमि को क्लियर करने के एवज में पैसे की मांग कर रहा था। इस मामले में चौकीदार को सहअभियुक्त बनाया गया है।
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मामला महासमुंद जिले के सिंघोड़ा ग्रामीण बैंक शाखा का है, आरोपी शाखा प्रबंधक नाम मनीष प्रभाकर है, जानकारी के मुताबिक मैनेजर किसान से दस हजार रूपये रिश्वत की मांग कर रहा था।
जानकारी के मुताबिक KCC ऋण प्रकरण समाप्त हो जाने पर उसकी भूमि को बंधक से हटाया जाने का प्रकरण मैनेजर ने रोक कर रखा था और लगातार पैसे की डिमांड की जा रही थी।
जिसके बाद परेशान होकर किसान ने एसीबी, रायपुर में शिकायत की एसीबी की जांच में किसान की शिकायत सही पायी गयी, जिसके बाद ईओडब्ल्यू एवं एसीबी चीफ आरिफ एच. शेख ने पुलिस अधीक्षक एसीबी पंकज चंद्रा को त्वरित कार्यवाही के निर्देश दिये।
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जिसके बाद डीएसपी शैलेन्द्र पाण्डेय, एसीबी, रायपुर की अगुवाई में टीम गठित की गयी एवं उक्त टीम के द्वारा आज
कार्यालयीन समय में आरोपी शाखा प्रबंधक मनीष प्रभाकर एवं उसके साथी चौकीदार हेमलाल यादव को बैंक कार्यालय में ही रिश्वत की रकम लेते हुए रंगे हाथो गिरफ्तार किया गया है।
आरोपियों के विरूद्ध धारा 7, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर नियमानुसार विधिक कार्यवाही कर माननीय न्यायालय न्यायिक अभिरक्षा भेजा जा रहा।