मरकामटोला में पंचायत फंड का बंठाधार
खैरागढ़. विकास कार्यो के लिए शासन ने भले ही पंचायत लाखों रूपयें दिए हो लेकिन जनपद अधिकारियो की निरीक्षण की कमी व मिलीभगत करके सरपंचो के लाखो का बिल नियम विरूद्ध पास किया जा रहा है। विभाग की कमी व अधिकारियों की मिली भगत का फायदा उठा कर ग्राम पंचायत मरकामटोला में नाश्ता, मिठाई व सम्मेलन में शामिल होने वाहन किराए भुगतान करने, पुरूस्कार वितरण करने के नाम 3 लाख 12 हजार से अधिक राशि निकालकर डकार लिया है। इन रूपयें को निकालने 53 बिलो का उपयोग किया गया है। बकायादा वर्तमान सीईओ व तत्कलीन सीईओ द्वारा इन बिलों को पास किया गया है जबकि नियमतः इन रूपयें को विकास कार्यो मे खर्च करना था।
स्टेशनरी समान खरीदने 60 हजार रूपये से अधिक का किया भुगतान
पंचायत द्वारा 5 सालों मे स्टेशनरी समान खरीदने 60 हजार 700 रूपयें निकाले गए है, जिसके लिए 14 बिलो का उपयोग किया गया है। पंचायत द्वारा वार्ड नम्बर 10, 2, 9 में सीसी रोड निर्माण व बाजार चौक सहित अन्य जगह पर मरम्मत करने 16 लाख 82 हजार 629 रूपये का भुगतान किया गया है। हाई स्कूल में अतिरिक्त कक्ष निर्माण व पोताई करने 9 लाख अधिक रूपयें का भुगतान किया गया है। वही आंगनबाड़ी, पंचायत भवन, स्कूलो में रंनिग वाटर लगाने 1 लाख 54 हजार से अधिक का भुगतान किया गया है।
सरपंच ने डाले अपने खाते में 28 हजार से अधिक राशि
ग्राम पंचायत मरकामटोला सरंपच संतोष देवांगन ने सहिल टेंट हाउस के नाम पर प्रवेश उत्सव व करोना के समय पंडाल लगाने 17150 रूपयें, 5100 रूपयें प्रज्ञा मेडिकल स्टोर से सेनेटाइजर खरीदने, 6390 रूपयें वर्मा किराना स्टोर से सेव, पानी बाॅटल आदि खरीदने के नाम बिल लगाकर अपने खाते में पंचायत के कुल 28 हजार 640 रूपयें भुगतान किए गए है। जबकि पंचायत पदाधिकारियों के भुगतान करना वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है।
बंद पड़ी स्ट्रीट लाईट फिर भी सरपंच ने मरम्मत के नाम पर निकाले करीब 2 लाख
गांव के चुनिंदा बिजली पोल में बिजली के पोल से करंट लेकर लाईट लगाया गया है, जो अधिकतर बंद पड़ी है जिसकी मरम्मत सरपंच द्वारा नही की जा रही जिससे ग्रामीण गली लाईट होने के बावजूद अंधेर मे चल रहे है। जबकि मरम्मत के नाम सरपंच द्वारा 1 लाख 80 हजार से अधिक रूपयें निकाले गए है। ग्राम के गौतम बाई देवांगन ने बताया की उनके घर के समाने लगे स्ट्रीट लाईट कई महिनों से बंद पड़ी हुई जिसे बनाया नही जा रहा है।
ग्रामीणों का आरोप नालियों में भरी रहती है गंदगी, इधर सरपंच ने 2.32 लाख सफाई के नाम पर निकाले
मरकामटोला में नालियों गंदगी से भरी है ग्रामीणो ने सरपंच पर नियमित साफ-सफाई नही करने का आरोप लगाया है। कुछ ग्रामीणा ने यह भी बताया की सरपंच द्वारा साल में एक बार ही सफाई का कार्य किया जाता है। जिसके कारण ग्रामीणो को बदबू व गंदगी भरी नालियों के बीच मे रहना पड़ता है। इधर सरपंच संतोष देवांगन सिर्फ साफ-सफाई के नाम पर 2 लाख 32 हजार निकाले गए है। इसके लिए 35 बिलो का उपयोग किया गया है। पंचायत द्वारा नाली निर्माण करने नाली मरम्मत करने 4 लाख से अधिक राशि का भुगतान किया गया है।
प्रतिबंध के बावजूद मुरूमीकरण के नाम पर निकाले लाखों रूपयें
ग्राम पंचायत द्वारा डस्टीकरण व मुरूमीकरण करने 3 लाख 12 हजार से अधिक का भुगतान किया गया है। जिसमें समतलीयकरण साहू भवन के समाने जीरा गिट्टी 40000 रूपयें, कर्मा भवन के पास 25800 रूपयंें, सतनाम भवन के पास 30000 रूपयें, बाजार चौक 27000 रूपयें, तालाब समतलीयकरण करने मुरूम 35100 इसके अलावा स्कूल परिसर, पुलिया बांधा रोड़ के पास समतलीयकरण कार्य कराने के लिए इन रूपयें को निकाले गए है। साथ ही गांधी और हनुमान चबुतरा सहित अन्य चबुतरा निर्माण करने 84 हजार से अधिक राशि निकाली गई है।
नलजल मरम्मत के करने फुके साढे 6 लाख से अधिक रूपयें
मरकामटोला में जिस प्रकार से छोटे-छोटे बिलों को लगाकर नल जल मरम्मत करने के नाम पर साढे 6 लाख रूपयें निकाले गए है जिसमें अधिकतर बिल 20000 से औसत के हिसाब से लगाया गया है। नल जल मरम्मत के अलावा बोर खनन करने व मोटर पंप स्थापित करने 188950 रूपये का भुगतान किया गया है।
सभी कार्यों में प्रस्ताव करके ही खर्च किया गया है
द्वारका कन्नौजे, सचिव मरकाम टोला
सीधी बात ( संतोष देवांगन, सरपंच मरकाम टोला )
विकास कार्यो का रूपयें नाश्ता व सम्मेलन करने में खर्च किया गया है।
ऊपर से आदेश आता है की भीड़ बढ़ाना है तो कोई भी व्यक्ति बिना नाश्ता पानी के नही जाता और वाहन किराए से जाता है। उसका भुगतान किया गया है।
आप ने अपने खाते में दूसरे का बिल उपयोग कर भुगतान कराया गया है।
समाने वाला का अकाउंट नही था और उन सभी को भुगतान करना था तो पुराने सीईओ से चर्चा कर मेरे खाते मे डाला गया था। जिसे निकाल कर दुकानदारों को नगद दिया गया।
स्ट्रीट लाईट बंद पड़ी है और मरम्मत के नाम पर लाखो रूपयें निकाले जा रहे है।
इलेक्ट्रानिक समान है बिगड़ता रहता है। जल्द सुधार करूंगा। आप आना गांव में मिटिंग रखता हूं आप पुछना।